वायरल वीडियो में दीवार फांदकर घर में दाखिल होते दिखे पुलिसकर्मी; परिजनों ने जताई एनकाउंटर की आशंका, सुल्तानपुर पुलिस ने आरोपों को बताया निराधार
चर्चित अवधी गायक और यूट्यूबर संजय यदुवंशी के घर देर रात हुई पुलिस कार्रवाई को लेकर विवाद बढ़ता जा रहा है। दबिश का कथित वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आने के बाद मामला राजनीतिक बहस का मुद्दा बन गया है। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने भी इस घटना को लेकर प्रदेश सरकार पर सवाल उठाए हैं।
वायरल वीडियो के बाद उठे सवाल
सोशल मीडिया पर सामने आए वीडियो में कुछ पुलिसकर्मी कथित तौर पर दीवार फांदकर घर के भीतर प्रवेश करते नजर आ रहे हैं। वीडियो सामने आने के बाद पुलिस की कार्रवाई की प्रक्रिया को लेकर सवाल उठने लगे हैं। वहीं, संजय यदुवंशी के पिता ने पुलिस कार्रवाई पर चिंता जताते हुए अपने बेटे के एनकाउंटर की आशंका भी व्यक्त की है।
मामले पर अखिलेश यादव की प्रतिक्रिया के बाद यह विवाद और ज्यादा चर्चा में आ गया है। सपा प्रमुख ने पुलिस कार्रवाई को लेकर सरकार पर निशाना साधते हुए सवाल उठाए हैं।
पुलिस ने बताया कार्रवाई का आधार
वहीं, सुल्तानपुर पुलिस ने पूरे मामले पर अपना पक्ष रखते हुए कहा है कि संजय यदुवंशी के खिलाफ पहले से गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज है और वह मामले में वांछित हैं। क्षेत्राधिकारी लंभुआ ऋत्विक कपूर के मुताबिक, प्रकरण की विवेचना जारी है और इसी क्रम में पुलिस टीम ने दबिश दी थी।
पुलिस ने वायरल वीडियो को लेकर लगाए जा रहे आरोपों को निराधार बताया है। अधिकारियों का कहना है कि मामले में नियमानुसार कार्रवाई की जा रही है।
कार्रवाई की प्रक्रिया पर बनी असमंजस की स्थिति
पुलिस के स्पष्टीकरण के बावजूद देर रात हुई दबिश और वायरल वीडियो को लेकर कई सवाल सामने आए हैं। पुलिस टीम किस प्रक्रिया के तहत घर पहुंची, घर में प्रवेश की परिस्थितियां क्या थीं और कार्रवाई के दौरान वास्तव में क्या हुआ—इन बिंदुओं को लेकर तस्वीर आधिकारिक जांच के बाद ही साफ हो सकेगी।
फिलहाल एक ओर पुलिस गंभीर धाराओं में दर्ज मुकदमे और आरोपी के वांछित होने की बात कह रही है, वहीं दूसरी ओर परिजन पुलिस कार्रवाई पर गंभीर आशंकाएं जता रहे हैं। राजनीतिक प्रतिक्रिया और वायरल वीडियो के बीच अब पूरे मामले की जांच तथा पुलिस की अगली कार्रवाई पर सभी की नजरें टिकी हैं।



