चढ़ावे की सुरक्षा और पारदर्शिता बढ़ाने की तैयारी, नए सीईओ ने यात्री सुविधा केंद्र व दान गणना कक्ष का किया निरीक्षण
अयोध्या। श्रीराम जन्मभूमि मंदिर परिसर में चढ़ावे की सुरक्षा और व्यवस्थाओं को और अधिक पारदर्शी बनाने के लिए कर्मचारियों के लिए नई नियमावली तैयार की जा रही है। इसके तहत मंदिर परिसर में तैनात कर्मचारियों के लिए नया ड्रेस कोड लागू करने की तैयारी है। प्रस्तावित व्यवस्था के अनुसार कर्मचारी गेरुआ या पीले रंग की ऐसी ड्रेस पहनेंगे, जिसमें कोई जेब नहीं होगी।
मंदिर परिसर में चढ़ावे से जुड़ी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के उद्देश्य से कर्मचारियों की भूमिका और जिम्मेदारियों को भी नए सिरे से तय किया जा रहा है। इसके लिए पहले परिसर में तैनात कर्मचारियों की सूची तैयार की जाएगी और उनकी जिम्मेदारियों के आधार पर व्यवस्था को व्यवस्थित किया जाएगा।
नए सीईओ ने संभाली जिम्मेदारी
श्रीराम जन्मभूमि परिसर के नए सीईओ एयर मार्शल (सेवानिवृत्त) जितेंद्र मिश्रा ने जिम्मेदारी संभालने के बाद मंदिर परिसर की व्यवस्थाओं का जायजा शुरू कर दिया है। मंगलवार को उन्होंने श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए बनाए गए यात्री सुविधा केंद्र और यात्री सेवा केंद्र का निरीक्षण किया।
इसके बाद सीईओ दान गणना कक्ष पहुंचे और वहां कर्मचारियों की कार्यप्रणाली तथा सुरक्षा व्यवस्था की जानकारी ली। उन्होंने परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरों की निगरानी व्यवस्था को भी समझा।
कर्मचारियों की सूची तैयार होगी
श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के नवनिर्वाचित सदस्य अधिवक्ता मदन मोहन पांडे के मुताबिक, परिसर की व्यवस्थाओं में बदलाव की प्रक्रिया शुरू हो गई है। उन्होंने बताया कि कर्मचारियों की सूची तैयार करने के बाद उनकी जिम्मेदारियां तय की जाएंगी और व्यवस्था को अधिक पारदर्शी बनाने पर जोर रहेगा।
ड्रेस पर नहीं होगा लोगो
नई व्यवस्था के तहत कर्मचारियों के लिए तय की जा रही ड्रेस गेरुआ या पीले रंग की होगी। खास बात यह है कि ड्रेस में किसी तरह की जेब नहीं होगी। इसके अलावा ड्रेस पर ट्रस्ट का लोगो या कर्मचारी के कार्य से संबंधित कोई विशेष जानकारी भी अंकित नहीं होगी।
मंदिर परिसर में सुरक्षा और श्रद्धालुओं की सुविधा से जुड़े अन्य इंतजामों की भी समीक्षा की जा रही है। नई नियमावली लागू होने के बाद कर्मचारियों की जिम्मेदारियों और कार्यप्रणाली में बदलाव देखने को मिल सकता है।




