अंबेडकरनगर। उत्तर प्रदेश के अंबेडकरनगर जिले में शादी से जुड़ा एक अनोखा मामला सामने आया है। यहां एक महिला की दूसरी शादी की जानकारी मिलने पर उसका पहला पति पुलिस को लेकर विवाह स्थल पर पहुंच गया। इसके बाद प्रसिद्ध शिवबाबा धाम में हंगामे की स्थिति बन गई। पुलिस ने महिला, उसके पहले पति और दूसरे पति को अकबरपुर कोतवाली पहुंचाया, जहां दोनों पक्षों के बीच काफी देर तक बातचीत हुई।
जानकारी के अनुसार, रुचि नाम की महिला शिवबाबा धाम में दूसरे युवक के साथ शादी कर रही थी। इसी दौरान उसके पहले पति सूरज को इसकी जानकारी मिल गई। वह पुलिस के साथ मौके पर पहुंचा, जिसके बाद विवाद शुरू हो गया। पुलिस सभी संबंधित लोगों को कोतवाली ले आई।
कोतवाली में घंटों चली बातचीत
कोतवाली में दोनों पक्षों के बीच काफी देर तक बातचीत और समझौते का प्रयास किया गया। कोतवाली प्रभारी निरीक्षक भूपेंद्र कुमार सिंह के मुताबिक, बातचीत के बाद पहले पति सूरज ने लिखित रूप में सहमति देते हुए रुचि को उसके दूसरे पति के साथ जाने दिया। इसके बाद महिला अपने दूसरे पति के साथ चली गई।
बताया जा रहा है कि सूरज और रुचि का एक बच्चा भी है। दोनों ने पहले ही न्यायालय में तलाक की अर्जी दाखिल कर रखी है। हालांकि, तलाक की अर्जी पर अदालत का अंतिम आदेश हुआ है या नहीं, इसकी पुष्टि नहीं हो सकी है। ऐसे में मामले की कानूनी स्थिति स्पष्ट होना जरूरी है।
औरैया में भी सामने आया था ऐसा मामला
इससे पहले औरैया जिले में भी शादी को लेकर चर्चा में आया एक मामला सामने आया था। यहां करीब 75 वर्षीय बुजुर्ग और 30 वर्षीय महिला के रिश्ते की खबर सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बनी थी। बताया गया कि महिला का पति घर छोड़कर चला गया था और बुजुर्ग के साथ उसकी शादी की तैयारियां की जा रही थीं।
सोशल मीडिया पर सगाई से जुड़े वीडियो सामने आने के बाद महिला का पति वापस लौट आया। इसके बाद महिला ने बुजुर्ग से शादी करने से इनकार कर दिया और अपने पति के साथ रहने की बात कही।
महिला ने वीडियो संदेश में दावा किया कि जब उसका पति साथ छोड़कर चला गया था, तब उसने बुजुर्ग से शादी करने का फैसला लिया था। पति के लौटने के बाद उसने अपना निर्णय बदल दिया। वहीं, बुजुर्ग और उनकी बेटी ने महिला पर धोखा देने का आरोप लगाया था।
क्षेत्र में चर्चा का विषय बने मामले
अंबेडकरनगर की घटना के बाद क्षेत्र में यह मामला चर्चा का विषय बना हुआ है। हालांकि, ऐसे मामलों में व्यक्तिगत परिस्थितियों के साथ-साथ विवाह और तलाक से जुड़े कानूनी पहलुओं को समझना भी आवश्यक है। खासकर जब पहले विवाह के कानूनी रूप से समाप्त होने की स्थिति स्पष्ट न हो, तब संबंधित तथ्यों और न्यायालय के आदेश की पुष्टि महत्वपूर्ण हो जाती है।




